TheFinalAssault Blog Alert Breaking News बांग्लादेश में ISI की साजिश कामयाब
Alert Breaking News Classified Conflict Geopolitics Indian-Subcontinent Reports TFA Exclusive

बांग्लादेश में ISI की साजिश कामयाब

Hooligan descerating statue of Bangbandhu Sheikh Mujibur Rehman during violent protests in Dhaka.

बांग्लादेश में प्रधानमंत्री शेख हसीना के सत्ता छोड़कर भारत आना, पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई की एक बड़ी साजिश मानी जा रही है. क्योंकि मुख्य विपक्षी पार्टी बीएनपी (बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी) की पाकिस्तानी से करीबी संबंध रहे हैं तो मौजूदा अध्यक्ष तारिक रहमान के आईएसआई से संबंध जगजाहिर हैं. टीएफए को मिली जानकारी के मुताबिक, मौजूदा अराजक-प्रदर्शन के दौरान भी सोशल मीडिया पर पाकिस्तान से ही बांग्लादेश में सामाजिक अस्थिरता फैलाने की साजिश रची गई.

बीएनपी की पूर्व अध्यक्ष खालिदा जिया के जेल से रिहा होने के साथ ही उसका भगोड़ा बेटा तारिक रहमान भी लंदन से बांग्लादेश लौट रहा है. तारिक रहमान पर भ्रष्टाचार के साथ ही अवामी लीग की अध्यक्ष और (पूर्व) प्रधानमंत्री शेख हसीना की रैली में बम विस्फोट का आरोप है. वर्ष 2008 में वो लंदन भाग गया था.

लंदन से बैठकर ही तारिक रहमान ने शेख हसीना के तख्तापलट की साजिश आईएसआई के साथ मिलकर रची थी. बांग्लादेश से भागने के बाद तारिक पाकिस्तान की यात्रा पर गया था और आईएसआई के अधिकारियों से मुलाकात भी की थी. सऊदी अरब के दौरे के दौरान भी उसके आईएसआई से संपर्क में रहने की खबरें आई थी. टीएफए को मिली जानकारी के मुताबिक, वर्ष 2013 और 2018 में तारिक का संपर्क आईएसआई से हुआ था. तभी से आईएसआई ने बांग्लादेश में बगावत के बीज बोने शुरु कर दिए थे.

बीएनपी की तरफ से तारिक रहमान ही प्रधानमंत्री पद का सबसे बड़ा दावेदार माना जा रहा है. हाल के दिनों में तारिक रहमान की सोशल मीडिया पोस्ट को गौर से देखें तो पाएंगे कि लंदन से बैठकर ही वो बांग्लादेश में अराजक प्रदर्शनों को बढ़ावा दे रहा था. यहां तक की बांग्लादेश और शेख हसीना के बारे में भी सच्ची झूठी जानकारियां साझा कर रहा था.

आईएसआई ने न केवल तारिक रहमान और बीएनपी पार्टी को मोहरा बनाया बल्कि कट्टरपंथी संगठन जमात ए इस्लामी को भी अपने जाल में फंसाया. जमात ने ही बांग्लादेश में छात्रों के विरोध-प्रदर्शन में घी डालने का काम किया.

खास बात ये है कि तारिक की मां खालिदा जिया के वक्त में बांग्लादेश के पाकिस्तान से करीबी संबंध थे. खालिदा जिया का भारत विरोधी रुख रहता था.

जबकि, शेख हसीना हमेशा से भारत की पक्षधर रही हैं. उन्होंने न केवल अपने वालिद मुजीबुर रहमान की विरासत को आगे बढ़ाया बल्कि भारत से लैंड बाउंड्री एग्रीमेंट, तीस्ता विवाद, साझा हथियारों के निर्माण पर अहम समझौते किए थे.

अमेरिका में रहने वाले शेख हसीना के बेटे सजीब अहमद वाजेद ने भी बांग्लादेश में विरोध-प्रदर्शन, हिंसा और आगजनी के लिए आईएसआई और विदेशी ताकतों को जिम्मेदार ठहराया है.

Exit mobile version

Warning: Version warning: Imagick was compiled against ImageMagick version 1692 but version 1693 is loaded. Imagick will run but may behave surprisingly in Unknown on line 0