भारतीय तटरक्षक बल ने अंडमान निकोबार में म्यांमार की एक बोट से 5500 किलो प्रतिबंधित ड्रग्स जब्त करने का दावा किया है. इंडियन कोस्टगार्ड के इतिहास में ये अब तक की सबसे बड़े ड्रग्स की खेप है.
रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, भारतीय तटरक्षक बल के एक डोरनियर एयरक्राफ्ट ने अंडमान समंदर में रिकोनिसेंस-उड़ान के दौरान एक संदिग्ध बोट को देखा था. डोरनियर एयरक्राफ्ट ने ये जानकारी कोस्टगार्ड कमांड सेंटर से साझा की.
कोस्टगार्ड ने अपनी एक फास्ट पैट्रोल बोट (आईसीजी अरुणा आसफ अली) को संदिग्ध बोट की छानबीन के लिए तुरंत श्री विजय पुरम (पोर्ट ब्लेयर) से रवाना किया.
कोस्टगार्ड ने संदिग्ध बोट को बैरन आइलैंड के करीब पाया. बोट की जांच में पाया गया कि ये म्यांमार की फिशिंग ‘बोट सोइ वाइ यन हटू’ है. सोमवार सुबह 6.30 बजे तटरक्षक इस संदिग्ध बोट में दाखिल हुए.
रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, बोट की छानबीन में 5500 किलो प्रतिबंधित मेटाएम्फेटामाइन (मेथ) बरामद की गई. बोट में छह संदिग्ध मौजूद थे और उनके पास एक इमारसैट सैटेलाइट फोन भी था. (https://x.com/FinalAssault23/status/1861101316929396778)
कोस्टगार्ड ने ड्रग्स को जब्त कर सभी छह संदिग्धों को हिरासत में ले लिया है.
हाल ही में भारतीय नौसेना ने नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) की मदद से गुजरात से सटे अरब सागर में एक संदिग्ध बोट से 700 किलो मेथ जब्त की थी.
सभी आठ संदिग्ध ड्रग्स स्मगलर को एनसीबी और गुजरात पुलिस ने अपनी कस्टडी में लेकर पूछताछ की तो पता चला कि ये बोट ईरान की थी. पूछताछ में एनसीबी की कोशिश है कि पता लगाया जा सके कि पकड़ी गई ड्रग्स की खेप कहां से आ रही थी और कहां डिलीवरी होनी थी. साथ ही पकड़े गए स्मगर्लस की पहचान भी लगाई जा सके.
अंडमान में ड्रग्स की सबसे बड़ी खेप जब्त, म्यांमार से हो रही थी स्मगलिंग

ICG personnel with seized 5500 kgs of prohibited drugs.
