TheFinalAssault Blog Alert Breaking News Agent विकास मामले में अमेरिका को झटका
Breaking News Classified Geopolitics Khalistan Reports Terrorism

Agent विकास मामले में अमेरिका को झटका

खालिस्तानी आतंकी गुरपतवंत सिंह पन्नू की हत्या की कोशिश की साजिश रचने के आरोप में भारतीय इंटेलिजेंस ऑफिसर विकास यादव के मामले में अमेरिका को मुंह की खानी पड़ सकती है. क्योंकि भारत ने विकास यादव को पिछले साल दिसंबर (2023) में राजधानी दिल्ली में एक बिजनेसमैन से उगाही के मामले के मामले में गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था. साथ ही सीआरपीएफ और रॉ से भी बर्खास्त कर दिया गया था.

अमेरिका की फेडरल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (एफबीआई) ने 10 अक्टूबर को विकास यादव को मोस्ट-वांटेड घोषित किया था. हालांकि, एफबीआई ने भारत से विकास यादव के प्रत्यर्पण की मांग नहीं की है लेकिन अगर ऐसी मांग आती भी है तो इसमें कानूनी पचड़ा पड़ सकता है.

जानकारी के मुताबिक, पिछले साल दिसंबर में दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल (एंटी टेररिस्ट स्क्वाड) ने विकास यादव के खिलाफ रोहिणी इलाके के एक आईटी कंपनी के मालिक को डराने-धमकाने और उगाही का मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया था. इसी साल मार्च में स्पेशल सेल ने विकास यादव के खिलाफ चार्जशीट दायर कर दी थी. इनदिनों विकास यादव जमानत पर बाहर है और उस पर मुकदमा चल रहा है.

गिरफ्तारी के बाद ही देश की सबसे बड़ी खुफिया एजेंसी रिसर्च एंड एनालिसिस विंग (आरएंडब्लू) यानी रॉ ने विकास यादव को रौग-एजेंट घोषित करते हुए पैरेंट कैडर सीआरपीएफ वापस भेज दिया था. सीआरपीएफ ने भी विकास यादव को महकमे से बर्खास्त कर दिया था.

माना जा रहा है कि भारत ने अमेरिका को विकास यादव के रौग निकल जाने की जानकारी साझा कर दी है. (Rogue एजेंट विकास यादव एफबीआई का मोस्टवांटेड घोषित)

एफबीआई की चार्जशीट के मुताबिक, विकास यादव ने ही चेक गणराज्य में रहने वाले भारतीय मूल के नागरिक निखिल गुप्ता को पन्नू की हत्या करने का आदेश दिया था. पन्नू की हत्या को व्रिकम यादव ने प्राथमिकता करार दिया था.

विक्रम ने ही निखिल गुप्ता को पन्नू के न्यूयॉर्क के घर का पता दिया था. पिछले साल जून (2023) में अमेरिका के टिप-ऑफ पर यूरोपीय देश चेक गणराज्य ने निखिल गुप्ता उर्फ निक को पन्नू की हत्या की कोशिश की सुपारी देने के आरोप में गिरफ्तार किया था.

अमेरिका का दावा है कि जिस शख्स को निखिल गुप्ता ने पन्नू की सुपारी दी थी वो और कोई नहीं यूएस ड्रग एनफोर्समेंट एजेंसी (डीएई) का ही एक सोर्स था. इस सोर्स ने डीएई के एक अधिकारी को हिटमैन के तौर पर निखिल गुप्ता से मुलाकात कराई थी. एफबीआई के पास इस लेनदेन का स्टिंग ऑपरेशन भी है. (विकास यादव: Most-Wanted या देश का हीरो)

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Exit mobile version

Warning: Version warning: Imagick was compiled against ImageMagick version 1692 but version 1693 is loaded. Imagick will run but may behave surprisingly in Unknown on line 0