मणिपुर में एक बार फिर भड़क गई है हिंसा. मणिपुर के उखरुल जिले में तांगखुल नगा समुदाय के एक सदस्य पर अटैक के बाद हथियारबंद उग्रवादियों ने हमला कर दिया. कई बंद पड़े घरों में आग लगा दी गई. इसके अलावा अंधाधुंध गोलीबारी की आवाजें भी सुनी गई.
हालात इतने बिगड़े की इलाके में कर्फ्यू लगा दिया गया है और 05 दिनों के लिए इंटरनेट भी बंद कर दिया गया है. स्थिति तनावपूर्ण लेकिन काबू में हैं. पुलिस प्रशासन और सुरक्षाबलों ने पूरे इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी है, वहीं मणिपुर के मुख्यमंत्री खेमचंद सिंह ने लोगों से शांति और संयम की अपील की है.
फायरिंग-आगजनी के बाद दहशत, कर्फ्यू लगा
मणिपुर में कुछ महीनों की शांति के बाद एक बार फिर जल उठा है. उखरुल जिले के लिटन गांव में मंगलवार तड़के गोलियां बरसाईं गईं, जिसके बाद लोगों में अफरातफरी का माहौल रहा. डर के मारे कई लोग अपना-अपना घर छोड़कर जरूरी सामान लेकर पलायन कर गए.
मणिपुर पुलिस के मुताबिक, लिटान सारेइखोंग इलाके में हुई गोलीबारी और आगजनी की यह घटना एक दिन पहले दो तांगखुल नगा संगठनों द्वारा उखरुल और कामजोंग जिलों में कुकी समुदाय की आवाजाही पर पाबंदी लगाए जाने के बाद हुई.
ताजा हिंसा में 30 से ज्यादा बंद पड़े घरों को हथियारबंद लोगों ने आग लगा दी.गांव में हालात बिगड़ते देख सुरक्षा बलों की भारी तैनाती की गई है. सेना और पुलिस ने इलाके को घेर लिया है और हालात को नियंत्रित किया गया.
सीएम ने की शांति की अपील, बुलाई आपात बैठक
मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की. हालात को देखते हुए एक आपात बैठक भी बुलाई गई थी. इस बैठक में डिप्टी सीएम लोसी डिखो, विधायक राम मुइवाह और किमनेओ हाओकिप समेत कई अधिकारी मौजूद थे. बैठक में हिंसा रोकने और समाधान निकालने पर चर्चा हुई.
मणिपुर सरकार ने एहतियाती तौर पर पर उखरुल जिले के राजस्व क्षेत्र में ब्रॉडबैंड, वीपीएन और वी-सैट से चलने वाली इंटरनेट सेवाओं को 5 दिन के लिए सस्पेंड करने का आदेश दिया है.
हालात पर काबू कर रहे अतिरिक्त सुरक्षा बल
मणिपुर पुलिस ने कहा कि कई ग्रामीणों ने कुकी बाहुल्य कांगपोकपी जिले के मोटबुंग और सैकुल के कुछ हिस्सों में शरण ली है.
मणिपुर के मंत्री गोविंदास कोंथौजाम ने कहा है कि कम से कम 21 मकान जलाए जा चुके हैं और स्थिति अब भी तनावपूर्ण बनी हुई है. हालात पर काबू पाने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं.
नई सरकार के गठन के बाद से हिंसा भड़की
फरवरी के पहले सप्ताह में ही मणिपुर में नई सरकार का गठन हुआ है. युमनाम खेमचंद सिंह को मुख्यमंत्री बनाया गया है. नई सरकार में कुकी समुदाय के विधायक नेम्चा किपगेन को डिप्टी सीएम बनाए जाने के फैसले से समुदाय के एक बड़े हिस्से में नाराजगी फैली है.
उनके साथ एलएम खौटे और न्गुर्संगलुर जैसे अन्य दो कुकी विधायक भी सरकार में शामिल हुए, जिसके खिलाफ लोगों मे भयंकर नाराजगी है. ताजा हिंसा से पहले भी चूराचांदपुर में सुरक्षाबलों और प्रदर्शनकारियों के भी झड़प हुई थी, जिसके बाद तनाव फैल गया था.

