26 जनवरी यानि गणतंत्र दिवस से पहले नई दिल्ली के हाई सिक्योरिटी जोन से दूतावास का फर्जी नंबर प्लेट और स्टीकर लगाए महिला को गिरफ्तार किया गया है. ये महिला संवेदनशील इलाकों में खुलेआम घूम रही थी और दूतावास के नाम पर पुलिस को चकमा दे रही थी.
पुलिस, महिला से पूछताछ कर रही है. आतंकी हमलों की साजिश के खुफिया अलर्ट के बाद दिल्ली में पुलिस हाईअलर्ट है और चप्पे-चप्पे पर सुरक्षा चाक चौबंद है.
दूतावास की फर्जी नंबर प्लेट, संवेदनशील इलाकों में घूम रही थी महिला
दिल्ली पुलिस को एक खुफिया जानकारी हासिल हुई एक महिला दूतावास की फर्जी नंबर प्लेट वाली कार का इस्तेमाल कर दिल्ली के हाई- सिक्योरिटी जोन में घूम रही है. विदेशी दूतावास की नंबर प्लेट वाली कार इस्तेमाल कर रही है और पुलिस चेकिंग से बचते हुए एंबेसी एरिया में आसानी से प्रवेश कर रही है.
सूचना के आधार पर दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने एक टीम बनाई और वसंत विहार इलाके में सर्च ऑपरेशन शुरु किया गया. वसंत विहार के बी-ब्लॉक में संदिग्ध इनोवा कार खड़ी मिली. कुछ देर बाद महिला जैसे ही कार के पास आई, तो दिल्ली पुलिस ने उससे पूछताछ की. इस दौरान महिला खुद को विदेशी दूतावास की प्रतिनिधि बताने लगी, लेकिन गाड़ी के कोई वैध दस्तावेज नहीं दिखा सकी.
विदेशी एबेंसी की प्रतिनिधि बताते हुए बेरोकटोक घूमती थी महिला
दिल्ली पुलिस के मुताबिक, 45 वर्षीय ये महिला खुद को विदेशी दूतावास की प्रतिनिधि बताती थी. लेकिन महिला पुलिस जांच में ये साबित नहीं कर पाई. वह न तो एंबेसी का नाम बता सकी और न ही कार से जुड़े कोई वैध दस्तावेज पेश कर सकी. इसके बाद महिला और कार को एंटी एक्सटॉर्शन एंड किडनैपिंग सेल, सनलाइट कॉलोनी लाया गया.
महिला ने स्वीकार किया कि वह विदेशी एंबेसी की फर्जी नंबर प्लेट का इस्तेमाल कर रही थी. उसने बताया कि उसने नवंबर 2024 में यह इनोवा कार एक विदेशी एंबेसी से खरीदी थी. लेकिन वाहन को अपने नाम पर रजिस्टर नहीं कराया था. रजिस्ट्रेशन न कराए जाने के कारण महिला के खिलाफ पहले भी चाणक्यपुरी थाने में शिकायत दर्ज करवाई जा चुकी है.
महिला के पास से अन्य दूतावास की फर्जी नंबर प्लेट बरामद
महिला ने पुलिस को बताया कि शिकायत के बाद उसने उस एंबेसी की असली नंबर प्लेट हटा दी और विदेशी एंबेसी जैसी दिखने वाली फर्जी नंबर प्लेट तैयार करवाई.
नंबर प्लेटों पर रजिस्ट्रेशन नंबर 144 सीडी 54 लिखा हुआ था, जो एंबेसी के वाहनों की तर्ज पर बनाया गया था. उसका मकसद पुलिस की जांच से बचना था. कार की तलाशी लेने पर दो और फर्जी एंबेसी नंबर प्लेट भी बरामद हुई हैं.
राष्ट्रीय सुरक्षा के लिहाज से महिला का पर्दाफाश बड़ी सफलता
पुलिस के मुताबिक, महिला ने खुद को दूतावास की प्रतिनिधि बताकर सरकारी एजेंसियों को गुमराह किया और उसकी मंशा संदिग्ध पाई गई है. मामले की गंभीरता को देखते हुए राष्ट्रीय सुरक्षा के नजरिए से भी जांच की जा रही है.
आरोपी महिला असम की स्थायी निवासी है और गुवाहाटी में रहती है. उसने दावा किया है मेघालय स्थित यूनिवर्सिटी ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी में स्पोर्ट्स गाइड के तौर पर काम किया है.
दिल्ली पुलिस महिला के मोबाइल फोन और बाकी गैजेट्ल के डेटा की जांच कर रही है, ताकि सच्चाई सामने आ सके. खुफिया एजेंसियों ने इसी सप्ताह अलर्ट जारी किया था कि आतंकी 26-26 कोडनेम के जरिए हमले की साजिश रच रहे हैं. पुलिस पता कर रही है कि महिला किसी और के साथ मिलकर किसी आपराधिक या देश विरोधी गतिविधि में शामिल तो नहीं थी.

