जैसे-जैसे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के एक ही रात में ईरान को खत्म करने की धमकी का वक्त बीत रहा है दुनिया की धड़कनें बढ़ चुकी हैं. लेकिन ट्रंप की ईरान में कमायत वाली रात की धमकी का जवाब जनता ने देने का फैसला किया है.
ट्रंप ने कहा कि अगर ईरान तय समय तक होर्मुज स्ट्रेट नहीं खोलता, तो उसके बिजलीघर, पुल और दूसरे जरूरी ढांचे पर बड़े हमले किए जाएंगे.
ट्रंप की ईरान की बुनियादी सुविधाओं पर हमले की योजना की जानकारी सामने आते ही, ईरानी जनता ने एकजुटता दिखाई है और ईरानियों ने कहा ही के वो ईरान के प्रमुख बिजली संयंत्रों के चारो ओर मानव श्रृंखला बनाकर विरोध करेंगे. इस बीच ईरान के कई बड़ी कलाकारों ने भी अमेरिका के खिलाफ आवाज बुलंद की है और कई संगीतज्ञ भी बिजली संयंत्रों के बाहर खड़े होकर गाना गाकर और वाद्य यंत्र के जरिए ईरान की संप्रभुता के साथ खड़े होने और अमेरिका का विरोध किया है.
अमेरिका के खिलाफ ईरानियों ने बुलंद की आवाज
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने की समयसीमा नजदीक आने से पहले ईरान ने बड़ी योजना बनाई है. तेहरान ने युवा ईरानियों से ईरान के प्रमुख बिजली संयंत्रों के चारों ओर प्रतीकात्मक मानव शृंखला बनाने का आह्वान किया है.
ईरान के खेल और युवा मंत्रालय ने एथलीटों, कलाकारों और छात्रों सहित देश के युवाओं से इन स्थलों के आसपास इकट्ठा होने का आह्वान किया है. ईरान के युवा मामलों के उप मंत्री अलीरेजा रहीमी ने एक वीडियो संदेश में कहा, “कई विश्वविद्यालय के युवाओं, युवा कलाकारों और युवा संगठनों ने प्रस्ताव दिया कि हम देश के बिजली संयंत्रों के चारों ओर एक मानव घेरा या मानव शृंखला बनाएं.”
अलीरेजा रहीमी ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा, “हम एक-दूसरे का हाथ थामकर यह संदेश देंगे, सार्वजनिक बुनियादी ढांचे पर हमला करना एक युद्ध अपराध है.”
जिस पावर प्लांट को उड़ाने की धमकी, वहां से पहुंच ईरानी संगीतज्ञ ने दी ट्रंप को चुनौती
ईरानी म्यूज़िशियन अली घमसारी ने अमेरिका के खिलाफ एक अनोखा प्रदर्शन किया है. अमेरिका हमलों के सामने अपना वाद्य यंत्र लेकर फ्रंट लाइन पर पहुंच गए. दमावंद पावर प्लांट के सामने चटाई बिछाकर तार नाम के पारंपरिक इंस्ट्रूमेंट से परफॉर्म किया. अली घमसानी का वीडियो जमकर वायरल हो रहा है.
अली घमसारी ने अपना वीडियो शेयर करके कहा, में कहा, “मैं दमावंद पावर प्लांट में हूं. मुझे नहीं लगता तुम लोग यहां मेरे साथ हो सकते हो. यह वही जगह है, जिस पर अटैक की धमकी दी गई है. मुझे उम्मीद है कि ऐसा नहीं होगा.”
अली घमसारी ने कहा, कि उनके तार की आवाज शांति पर असर डाल सकती है और घरों की लाइटों को बुझने से बचा सकती है.
घमसारी चाहते हैं कि उनका संगीत शांति फैलाए और घरों की लाइटें जलती रहें.
सोशल मीडिया पर लोग घमसारी का वीडियो जमकर शेयर कर रहे हैं और उन्हें साहसी देशभक्त बना रहे हैं. जो अपनी जान को जोखिम में डालकर म्यूजिक के माध्यम से शांति की अपील कर रहे हैं.
आपको बता दें कि घमसारी एक जाने-माने पर्शियन क्लासिकल म्यूजिशियन हैं और तार इंस्ट्रूमेंट बजाने में माहिर हैं.
ईरान के बुनियादी ढांचों पर अमेरिका की धमकी निरर्थक: न्यूजीलैंड के पीएम
न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री क्रिस्टोफर लक्सन ने ईरानी नागरिक ढांचों के खिलाफ ट्रंप की हालिया धमकियों को निरर्थक बताया है. पीएम क्रिस्टोफर ने कहा, यह मददगार नहीं है, क्योंकि और अधिक सैन्य कार्रवाई की आवश्यकता नहीं है. मुझे लगता है कि मूल बात यह है कि इस संघर्ष को और अधिक फैलने से रोकने पर ध्यान केंद्रित करने की जरूरत है.”
क्रिस्टोफर लक्सन ने कहा, “इस सप्ताह वॉशिंगटन में होने वाली बैठक में न्यूजीलैंड के विदेश मंत्री विंस्टन पीटर्स का अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो को संदेश होगा कि संघर्ष को कम किया जाए.”

