बलोच विद्रोहियों और तालिबानी लड़ाकों से घिरी पाकिस्तानी सेना इस कदर बौखला गई है कि होश ही खो बैठी है कि किसपर अटैक कर रही है. नाइजीरियाई सेना के नक्शेकदम पर चलते हुए पाकिस्तानी आर्मी ने खैबर पख्तूनख्वा में आतंकियों पर किए जाने वाला ड्रोन अटैक भोले-भाले नागरिकों पर कर दिया.
मुंह छिपाने के लिए पाकिस्तानी सेना का दावा है कि 12 बलोच विद्रोही मारे गए हैं. हकीकत हालांकि, ये है कि मारे गए लोगों में 7 पुरुष और 2 महिलाएं हैं, जिनके शवों को लेकर लोगों ने प्रदर्शन किया और हाईवे जाम कर दिया. बाद ने पाकिस्तानी सेना ने भी स्वीकार किया कि ऑपरेशन में आम लोगों की भी मौत हुई है.
नागरिकों की मौत से गुस्से में लोग, मोटरवे जाम किया
पाकिस्तानी सेना का दावा है कि “ड्रोन अटैक में मारे गए एक आतंकी मोहसिन बाकिर के सिर पर सात (07) मिलियन (पाकिस्तानी रुपए) का इनाम था. तो दूसरे नंबर के कमांडर अब्बास के सिर पर पांच (05) मिलियन का. ड्रोन का ऑपरेशन हथियारबंद आतंकवादियों के बारे में मिली खुफिया जानकारी के आधार पर किया गया था.” लेकिन अधिकारियों ने इस बात की पुष्टि की है कि कुछ आम नागरिक हमले की चपेट में आ गए हैं.
स्थानीय जनता का आरोप है कि मारे गए लोग स्वात जिले के चरवाहे थे, जिनका आतंकियों से कोई संबंध नहीं था. हमलों के बाद स्थानीय लोगों ने शवों को मोटरवे पर रख दिया और जमकर प्रदर्शन किया गया. जांच के आश्वासन के बाद शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए ले जाया गया. (https://x.com/ConflictMoniter/status/1906121661914792097)
ऑपरेशन में कुछ आम नागरिकों की मौत हुई: पाकिस्तानी सेना
पाकिस्तानी अधिकारियों ने स्वीकार किया है कि ऑपरेशन के दौरान दुर्भाग्य से कुछ आम नागरिक भी चपेट में आ गए, जिसके वजह से उनकी मौत हो गई. पाकिस्तान सरकार ने अपनी प्रेस रिलीज में कहा, “कुछ आम नागरिकों की मौत हो गई, दुर्भाग्यवश, इस बात की पुष्टि हुई कि जिस इलाके को निशाना बनाया गया था, उसके आसपास महिलाओं और बच्चों समेत आम नागरिक मौजूद थे जिसके परिणामस्वरूप 9 आम नागरिक हताहत हुए.’’
खैबर पख्तूनख्वा के सीएम ने नागरिकों पर हमले की निंदा की
खैबर पख्तूनख्वा के मुख्यमंत्री अली अमीन गंदापुर ने आम लोगों की मौत की निंदा की है और कहा है “ये बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है.” सीएम ने मुआवजा दिए जाने की बात कही है वहीं पाकिस्तान सरकार ने कहा, “सुरक्षा बल उच्चतम मानकों को बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध हैं. नागरिकों की सुरक्षा को बनाए रखते हुए खतरों को खत्म कम करने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं, ताकि भविष्य में ऐसी गलती न हो.”
बहरहाल पाकिस्तानी सेना के इस ऑपरेशन की जमकर किरकिरी हो रही है. सोशल मीडिया पर पाकिस्तानी नागरिक, अपनी ही सेना का मजाक उड़ा रहे हैं.