ईरान से लगातार मिल रही चुनौती से बौखलाए अमेरिका राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कुछ ऐसा बोल दिया, जिसे लेकर व्हाइट हाउस सफाई दे रहा है. बड़बोले ट्रंप ने ईरान की सभ्यता खत्म कर देने की धमकी देते हुए कहा, कि ईरान में अब वो होने वाला है जिसे वापस नहीं लिया जा सकता. ट्रंप के इस बयान से दुनिया में हलचल बढ़ गई कि क्या न्यूक्लियर हमला किया जाएगा.
लेकिन व्हाइट हाउस ने सफाई देते हुए कहा है कि ईरान के खिलाफ किसी भी कार्रवाई में परमाणु हथियारों के इस्तेमाल की कोई प्लानिंग नहीं है. लेकिन साथ ही व्हाइट हाउस ने ये भी जोड़ दिया कि ट्रंप क्या करेंगे, ये वही जानते हैं.
इस बीच ईरान ने परमाणु हमले से निपटने की तैयारियां कर ली हैं. ईरान ने अपनी जनता को समझाया है कि रेडियोएक्टिव लीकेज जैसी आपात स्थिति में क्या करना है. ईरान ने न्यूक्लियर प्लांट के आसपास रहने वाले लोगों में 200000 से ज्यादा आयोडीन की गोलियां बांटी हैं. ताकि जरूरत पड़ने पर वो काउंटर डोज़ का इस्तेमाल कर सकें.
ट्रंप की धमकी पर व्हाइट हाउस ने क्या कहा?
व्हाइट हाउस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर बयान दिया है. व्हाइट हाउस ने कहा है कि बयान को गलत तरीके से पेश किया गया है. कहीं भी परमाणु हथियारों के इस्तेमाल का संकेत नहीं था और इस तरह की खबरें भ्रामक हैं.
व्हाइट हाउस ने स्पष्ट किया है कि ईरान के खिलाफ किसी भी कार्रवाई में परमाणु हथियारों के इस्तेमाल की कोई प्लानिंग नहीं है.
व्हाइट हाउस ने कहा, “स्थिति क्या है और ट्रंप आगे क्या करेंगे, यह सिर्फ ट्रंप ही जानते हैं. ईरानी शासन के पास वॉशिंगटन समयानुसार रात 8 बजे तक का समय है, ताकि वे इस अवसर का लाभ उठाकर समझौता कर सकें.”
ट्रंप ने दी ईरानी सभ्यता खत्म करने की धमकी
मंगलवार को एक पोस्ट में ट्रंप ने कहा, ” रात एक पूरी सभ्यता मर जाएगी, जिसे दोबारा कभी वापस नहीं लाया जा सकेगा. मैं नहीं चाहता कि ऐसा हो, लेकिन संभवतः ऐसा होगा. हालांकि, अब जब हमारे पास पूर्ण और संपूर्ण सत्ता परिवर्तन है, जहां अलग, होशियार और कम कट्टरपंथी दिमाग मौजूद हैं, तो शायद कुछ क्रांतिकारी रूप से अद्भुत हो सकता है, कौन जानता है? आज रात हम दुनिया के लंबे और जटिल इतिहास के सबसे महत्वपूर्ण क्षणों में से एक का पता लगाएंगे. 47 साल की जबरन वसूली, भ्रष्टाचार और मौत का अंत आखिरकार होगा. ईश्वर ईरान के महान लोगों की रक्षा करे!”
हमारे पास ऐसे विकल्प जिसका इस्तेमाल नहीं किया गया: जेडी वेंस
ट्रंप के अलावा उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने कहा, कि “अमेरिकी सेना के पास कई ऐसे विकल्प हैं, जिनका अब तक उपयोग नहीं किया गया है. यदि ईरान अपना रुख नहीं बदलता, तो राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इन विकल्पों के इस्तेमाल पर विचार कर सकते हैं.”
इसी बयान के बाद ये आशंका जताई गई कि क्या अमेरिका परमाणु हथियारों का प्रयोग करने वाला है.
अमेरिका के परमाणु हमले से बचने की तैयारी, ईरान ने लोगों को बांटी दवाई
ट्रंप की इन धमकियों के बीच ईरान ने अपने नागरिकों को बचाने की पूरी तैयारी कर ली है. ईरान ने न्यूक्लियर प्लांट वाले शहर बुशहर में लोगों को आयोडीन की डोज़ बांटी गई हैं. स्थानीय निवासियों के बीच 1,80,000 आयोडीन की गोलियां बांटी गई हैं.
बुशहर यूनिवर्सिटी ऑफ मेडिकल साइंसेज के स्वास्थ्य उपाध्यक्ष के मुताबिक, “पिछले साल जब अमेरिका ने अटैक किया था, तभी से हमारी तैयारियां चल रही थीं. न्यूक्लियर प्लांट के आसपास के इलाकों में ही लोगों को आयोडीन की गोलियां दी गईं.”
अधिकारियों के अनुसार, “इन गोलियों का इस्तेमाल तब किया जाना है जब न्यूक्लियर प्लांट पर हमले की स्थिति में रेडियोलॉजिकल (परमाणु लीक) जैसी आपात स्थिति आएगी.”

