अमेरिका-ईरान के बीच शांति प्रस्ताव पर बातचीत की कोशिशों के बीच होर्मुज की खाड़ी में भारी टेंशन हैं, क्योंकि अमेरिका और ईरान के बीच युद्धपोत पार कराने को लेकर जबर्दस्त गोलाबारी हुई है. 28 फरवरी के बाद से पहली बार किसी देश के युद्धपोत ने होर्मुज पार किया.
अमेरिका के 03 जंगी जहाज यूएसएस ट्रुक्सटुन, राफिल पेरल्टा और मैसम ने फारस की खाड़ी से होर्मुज के रास्ते ओमान खाड़ी तक का समुद्री सफर पूरा किया. इस दौरान, ईरान की नौसेना ने यूएस नेवी के तीनों युद्धपोतों पर मिसाइल और ड्रोन अटैक किए. बदले में अमेरिका का दावा है कि उन्होंने आईआरजीसी की फास्ट बोट को डुबो दिया गया और ईरान के बंदर अब्बास पोर्ट पर अटैक किया.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिका की ताकत गिनाते हुए कहा है हमारे तीनों विध्वंसक पोतों ने होर्मुज सुरक्षित पार किया, तो हमलावरों को भारी नुकसान झेलना पड़ा है.
ट्रंप भले ही वाहवाही कर रहे हों, लेकिन ईरान ने वीडियो जारी करके दावा किया है कि आईआरजीसी ने अमेरिकी जहाजों को निशाना बनाकर भारी नुकसान पहुंचाया है. लेकिन अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने आईआरजीसी के दावों को खारिज कर दिया है.
होर्मुज में सबसे बड़ा टकराव, ट्रंप बोले, हमने दुश्मन को उड़ा दिया
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया है कि उनके 3 वर्ल्ड क्लास अमेरिकी विध्वंसक पोतों ने भारी गोलाबारी के बीच स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को सफलता से पार किया है. तीनों विध्वंसक पोतों को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है, लेकिन ईरानी नेवी को भारी नुकसान पहुंचाया गया है.
डोनाल्ड ट्रंप सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, “ईरान की कई छोटी बोट्स पूरी तरह से तबाह हो गई हैं, जिनका इस्तेमाल ईरान की तबाह हो चुकी नौसेना की जगह लेने के लिए किया जा रहा था. ये बोट्स समुद्र की गहराई में डूब गई हैं. अमेरिका के विध्वंसक पोतों पर उन्होंने मिसाइलें दागी थीं, लेकिन उन्हें आसानी से मार गिराया गया.”
ईरानी ड्रोन्स को तितलियों की तरह कब्र में गिर गए: ट्रंप
ट्रंप ने अपने पोस्ट में लिखा कि “हमारे युद्धपोत के पार ईरान के ड्रोन आए और हवा में ही जलकर राख बन गए. वे समंदर में इतनी खूबसूरती से गिरे, मानो कोई तितली अपनी कब्र में गिर रही हो. हालांकि, अगर कोई दूसरा सामान्य देश होता तो, इन विध्वंसक पोतों को वहां से गुजरने देता, लेकिन ईरान कोई सामान्य देश नहीं है.”
ट्रंप ने ईरानी नेतृत्व का मजाक उड़ाते हुए ईरान को हराने का दावा किया. ट्रंप ने लिखा, “उनकी लीडरशिप पागल लोग कर रहे हैं, और यदि उन्हें परमाणु हथियार प्रयोग करने का मौका मिलता, तो वे बिना किसी हिचकिचाहट के ऐसा कर देते, लेकिन हम उनको यह मौका कभी नहीं मिलेगा और, जिस तरह से हमने होर्मुज में उन्हें दोबारा हरा दिया, भविष्य में हम ईरान को और भी बुरी प्रकार और हिंसक ढंग से हरा देंगे.”
ट्रंप ने कहा, “अगर ईरान जल्द से जल्द डील नहीं करता है तो हमारे तीनों विध्वंसक पोत, अपने शानदार दल के साथ, अब हमारी नौसैनिक नाकेबंदी में दोबारा शामिल हो जाएंगे, जो असल में ‘स्टील की दीवार’ जैसे हैं.”
अमेरिका के हमलों को हमने मुंहतोड़ जवाब दिया: ईरानी सेना
ईरान की सेना ने आरोप लगाया कि अमेरिका ने होर्मुज स्ट्रेट में दाखिल हो रहे दो जहाजों को निशाना बनाया. ईरान का कहना है कि अमेरिका ने उसके इलाके में भी हवाई हमले किए.
इन हमलों में केश्म आइलैंड, बंदर खमीर और सीरिक के तटीय इलाके शामिल थे. इसके जवाब में ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट के पास मौजूद अमेरिकी सैन्य जहाजों पर हमला किया. ईरान के खातम अल-अंबिया सेंट्रल हेडक्वार्टर के प्रवक्ता ने दावा किया कि अमेरिकी जहाजों को भारी नुकसान पहुंचा है.
वहीं सेंटकॉम का कहना है कि, ईरान ने मिसाइल, ड्रोन और छोटी नौकाओं से अमेरिकी नौसेना के तीन डेस्ट्रॉयर जहाजों पर हमला किया. अमेरिकी सेना ने जवाबी कार्रवाई करते हुए ईरान के मिसाइल और ड्रोन लॉन्च साइट्स को निशाना बनाया.
सेंटकॉम ने कहा कि अमेरिका तनाव बढ़ाना नहीं चाहता, लेकिन अपने सैनिकों और जहाजों की सुरक्षा के लिए पूरी तरह तैयार है.तो ईरान ने सेंटकॉम पर पलटवार करते हुए कहा है कि अगर ईरान पर हमला हुआ तो वह तुरंत और पूरी ताकत से जवाब देगा.
कई घंटे तक चली गोलीबारी के बाद अब होर्मुज स्ट्रेट के आसपास हालात सामान्य हो गए हैं. वहीं ट्रंप ने गोलीबारी होने के बाद भी कहा है कि ईरान के साथ सीजफायर जारी है.

