मिडिल ईस्ट में भड़के संघर्ष और होर्मुज को लेकर तनातनी के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यूएई से ये वादा किया है कि हर परिस्थिति में भारत देगा यूएई का साथ. पीएम मोदी का यूएई में दिया गया ये बयान इसलिए अहम है क्योंकि यूएई और सऊदी अरब के बीच क्षेत्रीय संघर्ष की आशंका जताई जा रही है. सऊदी अरब जहां पाकिस्तान के साथ सैन्य करीबी बढ़ा रहा है, तो भारत-यूएई के बीच संबंध गहरा गए है.
पीएम मोदी की यूएई यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच डिफेंस, एनर्जी और निवेश को लेकर कई अहम समझौते हुए है.
शुक्रवार को जब पीएम मोदी का विमान यूएई के एयरस्पेस में पहुंचा, को उन्हें आसमान में खास सम्मान दिया गया.पीएम मोदी के एयरक्राफ्ट को यूएई के एफ-16 लड़ाकू विमानों ने एस्कॉर्ट किया.
यूएई और भारत अहम पार्टनर्स, हम मिलकर आगे बढ़ेंगे: पीएम मोदी
प्रधानमंत्री मोदी ने यूएई के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से मुलाकात की और द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत किया. पीएम मोदी ने प्रेसिडेंट नाहयान से बातचीत में यूएई को अपना दूसरा घर बताया है और एक साथ खड़े रहने का आश्वासन दिया है.
पीएम मोदी मे राष्ट्रपति नाहयान से कहा, “यूएई मेरा दूसरा घर है और यह भावना मेरी जिंदगी का एक अनमोल रत्न है. आपकी वायुसेना के लड़ाकू विमानों ने मुझे सुरक्षा दी. यह भारत के लोगों के लिए एक सम्मान की बात है. भारत, यूएई के साथ हर मुश्किल समय में खड़ा रहेगा.”
पीएम मोदी ने कहा, कि “आज की स्थिति में, भारत-यूएई के रणनीतिक सहयोग का महत्व और भी बढ़ गया है. आने वाले वक्त में, हम हर क्षेत्र में साथ मिलकर आगे बढ़ेंगे. पश्चिम एशिया में जंग का प्रभाव पूरी विश्व में देखा जा रहा है. भारत ने हमेशा मुद्दों के हल के लिए संवाद और कूटनीति को महत्व दिया है.”
होर्मुज स्वतंत्र और खुला रहना चाहिए, अंतर्राष्ट्रीय कानून का पालन हो: पीएम मोदी
पीएम मोदी ने कहा, “हमारा सबसे बड़ा टारगेट है कि होर्मुज स्वतंत्र और खुला रहे. इसके लिए अंतरराष्ट्रीय कानूनों का पालन करना जरूरी है. भारत हर हालत में यूएई के साथ खड़ा है और आगे भी खड़ा रहेगा. शांति और स्थिरता की बहाली के लिए, भारत हर मुमकिन मदद देगा. होर्मुज का खोला जाना क्षेत्रीय शांति और स्थिरता के साथ ही ऊर्जा और खाद्य सुरक्षा के लिए अत्यंत आवश्यक है.”
यूएई ने हमले के बावजूद संयम का परिचय दिया: पीएम मोदी
पीएम मोदी ने यूएई पर हुए हमलों की कड़ी निंदा ती और कहा, “जिस प्रकार से यूएई को टारगेट किया गया है, वह किसी भी तरह से स्वीकार्य नहीं है. यूएई ने इस हमले के बावजूद संयम का परिचय दिया. राष्ट्रीय एकता, क्षेत्रीय अखंडता और सुरक्षा के लिए यूएई की तरफ से उठाए गए कदमों का हम स्वागत करते हैं. यूएई में रहने वाले भारतीय प्रवासियों की इस मुश्किल समयों में जो देखभाल की गई, जिस प्रकार से उन्हें अपने परिवार के सदस्यों की तरह माना गया, उसके लिए यूएई की सरकार और शाही परिवार के प्रति आभार व्यक्त करता हूं.”
भारत-यूएई के बीच किन मुद्दों पर हुई डील
भारत-यूएई के बीच कई मुद्दों पर सहमति बनाई गई है. रणनीतिक, ऊर्जा और निवेश समझौते किए गए हैं. पीएम ममोदी की मौजूदगी में भारत और यूएई के बीच रक्षा, ऊर्जा सुरक्षा, इंफ्रास्ट्रक्चर और निवेश से जुड़े कई महत्वपूर्ण करार हुए.
भारत और यूएई के बीच स्ट्रेटजिक डिफेंस पार्टनरशिप फ्रेमवर्क एग्रीमेंट पर सहमति बनी है. यह साझेदारी रक्षा क्षेत्र, साइबर सिक्योरिटी, काउंटर टेररिज्म जैसे क्षेत्रों में हुई. यूएई की ओर से भारत में 5 बिलियन अमेरिकी डॉलर के निवेश की घोषणा की गई. यह निवेश भारतीय इंफ्रासेक्टर, बैंक में किया जाएगा.

