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चीन नहीं अमेरिका है युद्ध का आदी, महाशक्तियों में छिड़ी जुबानी जंग

डोनाल्ड ट्रंप के सत्ता संभालने से पहले अमेरिका और चीन में जुबानी जंग छिड़ गई है. चीन ने अमेरिका के पेंटागन की रिपोर्ट को खारिज करते हुए अमेरिका को ‘वैश्विक खतरा’ बताया है.

हाल ही में जारी की गई पेंटागन की रिपोर्ट में परमाणु हथियारों के विस्तार को लेकर चीन को दुनिया के लिए खतरा बताया गया था. अब चीन का रक्षा मंत्रालय अमेरिका पर भड़क गया है. चीनी रक्षा मंत्रालय ने अमेरिका को ही दुनिया की सुरक्षा के लिए ‘सबसे बड़ा खतरा’ बताया है.

युद्ध के आदी अमेरिका के पास सैन्य टकराव वाली रणनीति: चीन

चीन ने पेंटागन की उस रिपोर्ट की निंदा की है, जिसमें चीन पर एक के बाद एक आरोप लगाए गए थे. चीन के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता झांग शियाओगांग ने कहा है, पेंटागन ने चीन द्वारा उत्पन्न खतरे को बढ़ा चढ़ाकर पेश किया है.

झांग शियाओगांग ने कहा, “सबूत बताते हैं कि अमेरिकी सैन्य रणनीति, तेजी से टकराव वाली, आक्रामक और दुस्साहसिक होती जा रही है. युद्ध का आदी अमेरिका अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था का सबसे बड़ा विध्वंसक और वैश्विक सुरक्षा के लिए सबसे बड़ा खतरा बन गया है.”

अमेरिका दुनिया में सरकारें गिराता है: चीन

चीनी रक्षा प्रवक्ता ने सीरिया, इराक और अफगानिस्तान का उदाहरण देते हुए बताया कि कैसे अमेरिकी सैन्य हस्तक्षेपों ने मानवीय आपदाओं और लोगों की मौतों को जन्म दिया है.

चीन के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता ने अमेरिका पर बड़ा आरोप लगाते हुए कहा, “अमेरिका अपनी सैन्य श्रेष्ठता का फायदा उठाकर, अपना दबदबा बनाए रखने के लिए जबरन सत्ता परिवर्तन करने और क्रांतियों को भड़काता है.” (https://x.com/globaltimesnews/status/1870415903667769675)

20 सालों से भ्रामक रिपोर्ट प्रकाशित करते है पेंटागन: चीन

अमेरिकी रक्षा विभाग ने 18 दिसंबर को एक रिपोर्ट जारी की थी, जिसमें आरोप लगाया गया कि “चीन लगातार साइबर जासूसी और हमले का खतरा पेश करता है.” पेंटागन की रिपोर्ट में ये भी कहा गया था कि “पीएलए तेजी से परमाणु हथियारों का विकास कर रही है. पर चीनी सेना में फैला भ्रष्टाचार विकास को बाधित कर रहा है.” 

अब चीनी रक्षा मंत्रालय ने अमेरिका को दो टूक कहा है कि “अमेरिका, चीन की सेना से जुड़ी भ्रामक बातें ना करे. पेंटागन ने चीनी सेना की नीतियों की गलत व्याख्या की है, और चीन के सैन्य क्षमता के बारे में अटकलें लगाई गई हैं. अमेरिका, चीन के घरेलू मामले में हस्तक्षेप कर रहा है. चीन अमेरिका के मनगढ़ंत बयानों की निंदा करता है.” 

चीनी रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा, “20 सालों से पेंटागन हर साल झूठी रिपोर्ट प्रकाशित करता है. हम अमेरिका से आग्रह करते हैं कि चीन के बारे में गलत धारणाएं बनाना बंद करे, चीन के साथ द्विपक्षीय और स्थिर सैन्य संबंध बनाने की कोशिश करे.” 


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