वॉशिंगटन में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर हुआ है हमला. ईरान के साथ जारी तनाव के बीच ट्रंप की जान बाल-बाल बचाई गई है. वॉशिंगटन में हिल्टन होटल में आयोजित ‘व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर’ अंधाधुंध फायरिंग की गई है. जिस वक्त ये फायरिंग हुई अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, उनकी पत्नी मेलानिया ट्रंप, उपराष्ट्रपति जेडी वेंस और रक्षा सचिव पीट हेगसेथ समेत अमेरिकी कैबिनेट के कई बड़े चेहरे मौजूद थे.
फायरिंग करने वाले शख्स को हिरासत में ले लिया गया है. आरोपी की शिनाख्त कैलिफोर्निया के रहने वाले के तौर पर हुई है. एफबीआई पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है. सवाल ये है कि ट्रंप पर अटैक के पीछे ईरान युद्ध, एपस्टीन फाइल्स या माइग्रेशन का मुद्दा है. गौर करने की बात ये है कि जिस जगह डिनर का आयोजन किया गया, वहां एपस्टीन फाइल्स के बारे में एक बड़ी स्क्रीन पर कुछ रिपोर्ट्स दिखाई गई थीं.
हिल्टन होटल में फायरिंग, इलाका पूरी तरह सील
अमेरिका के हिल्टन होटल में राष्ट्रपति ट्रंप की डिनर पार्टी के दौरान गोलीबारी हुई है. इस घटना में ट्रंप और जेडी वेंस मौजूद थे. जिस वक्त फायरिंग हुई, पत्रकारों और सीक्रेट एजेंट्स में अफरातफरी मच गई.
जान बचाने के लिए हिल्टन होटल में मौजूद पत्रकार टेबल के नीचे छिप गए तो सुरक्षाकर्मियों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए राष्ट्रपति ट्रंप और उनकी पत्नी मेलानिया को सुरक्षा घेरे में लिया.
मौके से जो वीडियो सामने आए, उससे साफ पता चलता है कि जिस वक्त फायरिंग की गई, वहां का माहौल भगदड़ जैसा बन गया, लेकिन ट्रंप के सुरक्षाकर्मियों ने बेहद ही चुस्ती से ट्रंप को हिल्टन होटल से बाहर निकाल लिया. वहीं गोली चलाने वाले शख्स को मौके से पकड़ लिया गया.
फायरिंग के बाद घबराईं मेलानिया ट्रंप, रिएक्शन वायरल
एक के बाद एक तकरीबन 07-08 राउंड फायर किए गए थे. फायरिंग की आवाज डिनर हॉल के ठीक ऊपर वाले कमरे से आई थी. फायरिंग के बाद मची भगदड़ देख मेलानिया ट्रंप परेशान हो गईं. जैसे ही फायरिंग की आवाज आई, हॉल में मौजूद करीब मेहमानों में भगदड़ मच गई. कई लोगों अपनी जान बचाने के लिए टेबल के नीचे छिप गए. वहीं, होटल के कर्मचारी और वेटर्स भाग रहे थे.
वहीं विदेश सचिव मार्को रुबियो और जेडी वेंस समेत कैबिनेट के मंत्रियों को जमीन पर लिटा दिया गया था.
भीड़ और भागते लोगों को देखकर मेलानिया कुछ सेकेंड के लिए मानों शून्य सी हो गईं. लेकिन सीक्रेट एजेंट्स ने फौरन मेलानिया को ट्रंप के साथ बाहर निकाल लिया और कुछ ही मिनटों में मेलानिया को हिल्टन से सुरक्षित दूसरी जगह पर ले जाया गया.
हमले की कहानी चश्मदीद भारतीय पत्रकार की जुबानी
जिस वक्त हिल्टन होटल में गोलीबारी हुई, वहां देश-विदेश की मीडिया मौजूद थी. सभी के कैमरे चल रहे थे, जिसका वीडियो फुटेज दुनिया के सामने है. स्थानीय समयानुसार ये फायरिंग शनिवार रात 8:30 बजे के आसपास हुई.
एक भारतीय पत्रकार भी उस वक्त होटल में मौजूद थीं, जब फायरिंग हुई. पत्रकार ने आंखों देखा हाल बताते हुए कहा, “अभी कुछ ही मिनट पहले, वॉशिंगटन के हिल्टन होटल के बॉलरूम में अफरा-तफरी मच गई. मैंने अपनी आंखों से जो देखा, वह सबसे पहले एक जोरदार आवाज थी. मुझे लगा कि शायद यह बर्तनों के खड़कने की आवाज थी. लेकिन कुछ ही सेकेंड में मैंने देखा कि खाना परोसने वाले अपनी ट्रे लेकर भागते हुए आ रहे थे और खुद को सुरक्षित रखने के लिए कोई सुरक्षित जगह ढूंढने की कोशिश कर रहे थे.”
भारतीय पत्रकार बताती हैं कि “तभी मुझे लगा कि कुछ तो गड़बड़ है. पूरी की पूरी मेज के नीचे सबने शरण ली. जब मुझे लगा कि अब उठना सुरक्षित है, तो मैंने देखा कि स्टेज पर सुरक्षाकर्मी लंबी बंदूकों के साथ मौजूद थे. और राष्ट्रपति ट्रंप को बाहर निकाल रहे थे.”
दहशत का माहौल, एक-एक करके सभी को सुरक्षित निकाला गया
चश्मदीदों के मुताबिक, कुछ ही देर में स्थिति काबू में थी, हमलावर को पकड़ लिया गया. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को बाहर निकाल लिया गया था. एक-एक करके उनके कैबिनेट के सभी सदस्यों को, जिनमें स्कॉट बेसेंट, काश पटेल, पीट हेगसेथ, विटकॉफ शामिल थे. सभी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया.
फायरिंग की घटना के दौरान हिल्टन होटल में ‘व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर’ आयोजित था. इस दौरान होटल में 2600 से ज्यादा लोग मौजूद थे.

