नॉर्वे में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ज्वाइंट स्टेटमेंट में खलल डालने वाली पत्रकार हेले लिंग को भारतीय विदेश मंत्रालय ने जमकर लताड़ा है. नॉर्वे की राजधानी ओस्लो में प्रधानमंत्री मोदी और पीएम जोनस गाहर स्टोरे एक साथ सीमा पार आतंकवाद और उग्रवाद की निंदा कर रहे थे, तो वहीं बेतुके रिपोर्ट के आधार पर नॉर्वे की महिला पत्रकार के सवाल खड़े करने के बाद विदेश मंत्रालय ने दिखाई है हकीकत और दी है सलाह.
विदेश मंत्रालय ने प्रेस की स्वतंत्रता पर उठाए गए सवालों को लेकर नॉर्वे के प्रेस की कड़ी आलोचना की. एमईए के सचिव सिबी जॉर्ज ने कहा, कि कई लोग अज्ञानी गैर सरकारी संगठनों द्वारा प्रकाशित रिपोर्टों को पढ़कर भारत को गलत समझते हैं.
सिबी जॉर्ज ने नॉर्वे की पत्रकार को फटकार लगाते हुए कहा, कि अकेले दिल्ली में ही कम से कम 200 टीवी चैनल हैं, अंग्रेजी, हिंदी और कई अन्य भाषाओं में. आप जानते हैं कि कितनी खबरें आती हैं. हर शाम कितनी ब्रेकिंग न्यूज़ आती हैं?
अनजान और नासमझ एनजीओ वाली रिपोर्ट पढ़कर अज्ञानी सवाल पूछते हैं: विदेश मंत्रालय
ओस्लो में एमईए के सचिव (पश्चिम) सिबी जॉर्ज ने प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए एक पत्रकार के साथ तीखी बहस की और भारत के मीडिया तंत्र की व्यापक पहुंच के बारे में बताया.
सिबी जॉर्ज ने कहा “लोगों को बिल्कुल भी समझ नहीं है. वो कुछ अज्ञानी, नासमझ गैर-सरकारी संगठनों द्वारा प्रकाशित एक-दो समाचार रिपोर्ट पढ़ते हैं और फिर आकर सवाल पूछते हैं. लोग भारत के पैमाने और लोकतांत्रिक व्यवस्था को समझे बिना सवाल पूछते हैं. वो कुछ अनजान और अज्ञानता से भरी एनजीओ की रिपोर्ट पढ़ लेते हैं और फिर भारत पर टिप्पणी करने लगते हैं.”
भारत में कानून का शासन, मानवाधिकार मानदंडों का होता है पालन: विदेश मंत्रालय
सिबी जॉर्ज यहीं नहीं रुके, कहा, “मानवाधिकारों का सबसे अच्छा उदाहरण क्या है? सरकार बदलने का अधिकार, वोट देने का अधिकार. यही भारत में हो रहा है. हमें इस पर बहुत गर्व है. भारत में कानून का शासन है और यह अंतरराष्ट्रीय मानदंडों का पालन करता है.”
“भारत का संविधान सभी नागरिकों को मौलिक अधिकारों की गारंटी देता है और अधिकारों के उल्लंघन के मामलों में कानूनी उपाय प्रदान करता है. देश ने स्वतंत्रता के समय से ही महिलाओं के लिए समान मतदान अधिकार सुनिश्चित किए हैं. भारत समानता और मानवाधिकारों में विश्वास रखता है.
जॉर्ज ने कहा, “हम विश्व की कुल जनसंख्या का एक-छठा हिस्सा हैं, लेकिन विश्व की समस्याओं का एक-छठा हिस्सा नहीं. आप अपने चारों ओर देखिए, और आपको दुनिया भर में भारत से जुड़ाव दिखाई देगा. शून्य, यानी शून्य का उद्गम भारत में हुआ. शतरंज का उद्गम भारत में हुआ. योग, जिसकी आज पूरी दुनिया प्रशंसा करती है, उसका उद्गम भी भारत में हुआ.”
जॉर्ज ने 2023 में जी20 की भारत की अध्यक्षता का भी जिक्र करते हुए कहा कि “नई दिल्ली विभाजित देशों को एकजुट करने और एक सर्वसम्मत घोषणा हासिल करने में सफल रहा है.”
भारत में मीडिया स्वतंत्रता से काम करता है: विदेश मंत्रालय
नॉर्वे की पत्रकार पर कटाक्ष करते हुए सिबी जॉर्ज ने कहा, “कुछ लोग भारत की मीडिया का आकार नहीं समझते दिल्ली में सैकड़ों न्यूज चैनल हैं, वे अलग-अलग भाषाओं में हैं, लेकिन कुछ लोग गैर सरकारी संगठनों की रिपोर्ट पढ़कर भारत पर सवाल उठाते हैं. उन्हें भारत की वास्तविकता और उसके पैमाने की समझ नहीं है.
पीएम मोदी मीडिया के सवाल क्यों नहीं लेते, इस पर सिबी जॉर्ज ने कहा, कि इस यात्रा के दौरान मीडिया को जानकारी देना हमारी जिम्मेदारी है और वह यह काम लगातार कर रहे हैं.
सिबी जॉर्ज ने कहा, कि “भारत दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है, जहां मीडिया स्वतंत्र रूप से काम करता है और जनता को अपनी बात रखने की पूरी आजादी है. भारत की लोकतांत्रिक व्यवस्था और संविधान देश की सबसे बड़ी ताकत हैं, जिन्हें लेकर सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है.”
नॉर्वे में हुई घटना पर नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भी सवाल खड़े किए हैं. राहुल गांधी ने पीएम मोदी की आलोचना की है, एक्स पर लिखा कि, “जब दुनिया पीएम को कुछ सवालों से घबराकर भागते हुए देखती है, तो भारत की छवि पर क्या असर पड़ता है.जब छिपाने के लिए कुछ नहीं है तो डरने की भी कोई बात नहीं है.”

