ईरान युद्ध में बुरी तरह से घिरे राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के हर दिन बदलते बयान के कारण अमेरिका पूरी दुनिया में हंसी का पात्र बन चुका है. ईरान ने जिस तरह से अमेरिकी सेना को छकाया, उससे सुपरपावर की छवि तो धूमिल हो ही चुकी है, ट्रंप में आए दिन बयान से देश की गंभीरता खत्म होती जा रही है. ऐसे में तीखे सवालों के चलते ट्रंप ने एक इंटरव्यू छोड़ दिया और उल्टा मीडिया पर जमकर भड़ास निकाली.
ट्रंप किस तरह की छिछालेदार बातें करते हैं, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि जिस ईरान की कट्टरपंथी सरकार के नए सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई को खत्म करना चाहते थे, अब ट्रंप उन्हीं मोजतबा की तारीफ करने लगे हैं. मोजतबा को ढूंढ पाने में जब सीआईए जैसे खुफिया एजेंसी नाकाम रही तो ट्रंप को मोजतबा सम्मानित नेता लगने लगे.
वहीं 7 जून को संघर्ष पूरे होने के 100वें दिन ट्रंप ने कहा है कि वो जानते हैं कि मोजतबा खामेनेई कहां हैं. इतना ही नहीं ट्रंप ने मोजतबा को उनके पिता और दिवंगत सुप्रीम लीडर अयातुल्ला खामेनेई से ज्यादा समझदार बता डाला है.
एक ओर तो ट्रंप ने कहा है कि ईरान के साथ उनकी बातचीत अंतिम चरण पर हैं तो वहीं दूसरी तरफ ये भी कह डाला कि वो ईरान पर और तगड़ी सैन्य कार्रवाई करेंगे.
मोजतबा खामेनेई, कहां हैं, मैं जानता हूं: ट्रंप
100 दिनों से मोजतबा खामेनेई का सुराग पता लगाने के लिए खाक छान रही है अमेरिकी खुफिया एजेंसी सीआईए और इजरायली खुफिया एजेंसी मोसाद. अमेरिका और इजरायल से अपने सुप्रीम लीडर को बचाने के लिए आईआरजीसी ने ऐसी घेराबंदी की है कि ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियान तक को मिलने की इजाजत नहीं.
एक सप्ताह में दूसरी बात ट्रंप ने मोजतबा खामेनेई की तारीफ की है. कुछ दिनों पहले ट्रंप ने मोजतबा को बहुत सम्मानित नेता बताते हुए कहा था कि उन्हें मोजतबा से मिलने का सौभाग्य नहीं मिला है, लेकिन वो ईरान के नए सुप्रीम लीडर से मिलना चाहते हैं.
तो रविवार को एक बार फिर से ट्रंप ने मोजतबा को बहुत समझदार बता डाला है. ट्रंप ने कहा, कि मोजतबा अपने पिता से “ज्यादा समझदार” हैं.
ट्रंप ने दावा किया कि वह जानते हैं कि मोजतबा खामेनेई कहां हैं, हालांकि उन्होंने इसका खुलासा करने से इनकार कर दिया.
न्यूक्लियर हथियारों की मांग ईरान ने मानी: ट्रंप
ट्रंप ने रविवार को दावा किया कि ईरान ने यह बात मान ली है कि उनके पास न्यूक्लियर हथियार नहीं होंगे. हमारे पास उसमें एक क्लॉज था कि वे न्यूक्लियर हथियार नहीं बनाएंगे और मेरे अलावा हर कोई इससे बहुत खुश था.”
ट्रंप ने कहा, “मैंने कहा, ‘अच्छा, क्या होगा अगर वे न्यूक्लियर हथियार विकसित नहीं करते, लेकिन वे बाहर जाकर खरीदते हैं, वे एक्वायर करते हैं? मैं यह कहना चाहता हूं, अगर वे खरीदते हैं, या लेते हैं. आप जानते हैं, आपको यह भी वहां रखना होगा, क्योंकि यह डेवलपिंग नहीं है. इसलिए, उनके पास न्यूक्लियर हथियार बनाने या खरीदने, का अधिकार नहीं है. ईरानी थोड़ा पीछे हटे और फिर हमारी बात मान ली.”
वेनेजुएला की तरह नहीं है ईरान: ट्रंप
खुद ट्रंप ने सार्वजनिक रूप से स्वीकार कर लिया है, ईरान वेनेजुएला की तरह नहीं है कि सेना और कमांडो गए और कुछ मिनट में ऑपरेशन पूरा करके चले आए. ईरान वेनेजुएला से बहुत अलग है.
हाल ही में जब ट्रंप से ये पूछा गया कि मोजतबा के पिता और परिवार को अमेरिकी-इजरायली सेना ने खत्म कर दिया तो मोजतबा आपसे मिलने के लिए क्यों तैयार होंगे,
तो ट्रंप ने कहा कि मुझे मोजतबा खामेनेई प्रोफेशनल लगते हैं, वो युद्ध और शांति में अंतर समझते हैं.
एक्सपर्ट मानते हैं कि ट्रंप अब इस युद्ध में इस तरह से फंस चुके हैं और अब अपनी ‘इज्जत’ बचाने के लिए मोजतबा को रिझाने में जुट गए हैं. ट्रंप चाहते हैं कि मोजतबा खामेनेई की तारीफ करके ईरान के साथ समझौता किया जा सके. यही कारण है कि पिछले कुछ दिनों से ईरान पर नरम सुर अख्तियार किए हुए हैं.
ईरान की फ्रीज संपत्ति नहीं रिलीज करेंगे: ट्रंप
ट्रंप ने कहा, “ईरान के साथ शांति समझौता हुए बिना उसकी फ्रीज संपत्तियां जारी नहीं होंगी और न ही कोई प्रतिबंध हटेगा.”
एक्सपर्ट्स के मुताबिक, जिस तरह से अमेरिकी सेना को ईरान के मोर्चे पर मार पड़ी है और आर्थिक तौर पर भी नुकसान झेलना पड़ा है. अमेरिका इस नुकसान को ईरान की फ्रीज संपत्ति से ही वसूलना चाहता है.
ट्रंप प्रशासन के वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने अपनी टीम को खाड़ी देशों में ईरानी हमलों से हुए नुकसान का आकलन करने का निर्देश दिया है.
भड़के ट्रंप ने बीच में छोड़ा इंटरव्यू
रविवार को इंटरव्यू के दौरान जब एंकर ने ट्रंप से साल 2020 के राष्ट्रपति चुनाव में धांधली और कैलिफोर्निया में वोटों की गिनती के ट्रंप दावों पर लगातार सबूत मांगें तो ट्रंप ने नाराज होकर वॉकआउट कर दिया. ट्रंप अचानक उठ खड़े हुए और इंटरव्यू के दौरान लगए गए उपकरणों को निकाल दिया.
ट्रंप ने मीडिया को ‘एकतरफा और धोखेबाज’ करार दिया और कहा, ” बहुत गया है, चलो इसे खत्म करते हैं.“

