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मुस्लिम-वर्ल्ड का फरिश्ता बनना चाहता है मुनीर, लीबिया में पश्चिमी देशों को कोसा

पूरी दुनिया में आतंकवाद फैलाने वाले देश पाकिस्तान के सेना प्रमुख असीम मुनीर ने कबूल किया कि मुस्लिम देशों को अपने दुश्मनों के दिल में ‘टेरर’ फैलाना चाहिए अपने ऊलजलूल बयानों के लिए बदनाम मुनीर ने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत के खिलाफ इस्तेमाल होने वाले चीनी हथियारों तक को पाकिस्तानी बता दिया.

लीबिया के दौरे पर गए मुनीर ने चीनी हथियारों तक को अपना बताते हुए दम भरा कि इसके जरिए भारत के रफाल फाइटर जेट से लेकर एस-400 मिसाइल सिस्टम को पाकिस्तानी हथियारों ने मार गिराया था. जबकि हकीकत ये है कि जिस जेएफ-17 फाइटर जेट को पाकिस्तान ने भारत के खिलाफ इस्तेमाल किया था, वो चीन की मदद से पाकिस्तान ने बनाया है. जिस मिसाइल से जेएफ-17 लैस है, वो भी पाकिस्तान ने चीन से एक्सपोर्ट की हैं. वो बात और है कि आज तक पाकिस्तान ने भारतीय लड़ाकू विमानों को मार गिराने का कोई सबूत पेश नहीं किया है.

मुस्लिम देशों के तबाह होने पर रोया मुनीर

ऑपरेशन सिंदूर के बाद अमेरिका से मिले समर्थन के बाद असीम मुनीर ने खुद को पूरी इस्लामिक-दुनिया का फील्ड मार्शल मानना शुरू कर दिया है. यही वजह है कि लीबिया के शीर्ष मिलिट्री कमांडरों की मौजूदगी में मुनीर ने पिछले 20 वर्षों में मुस्लिम देशों के तबाह होने का रोना रोया और इस्लामिक देशों को ताकतवर बनाने पर जोर दिया  ताकि इस्लाम के दुश्मनों के दिल में खौफ पैदा किया जा सके.

मुनीर ने कहा कि इस वक्त दुनिया में ‘जंगलराज’ है यानी जिसके पास ताकत है वो राज करता है. अभी दूसरों (पश्चिमी देशों) के हाथों में ताकत है. लेकिन ये ताकत उन्होंने हमारे मजहब से लिए गए ज्ञान से ली है.

लीबिया के मिलिट्री कमांडरों की मौजूदगी में कुरान की आयतें पढ़ने वाले मुनीर ने कहा कि दुनिया की ताकत ‘मुस्लिम-वर्ल्ड’ को नष्ट करना चाहती हैं. ऐसे में मुस्लिम-वर्ल्ड इस वक्त बेहद पीड़ा में है. क्योंकि पिछले 20 वर्षों में 7-8 शानदार मुस्लिम देश तबाह हो गए हैं.

नित नई मुनीर के ऊलजलूल बयान सामने आ रहे हैं, भारत के खिलाफ दैवीय शक्ति की मदद मिलने का भरा था दम

अभी कुछ दिनों पहले मुनीर ने भारत के खिलाफ जंग में ‘दैवीय शक्ति’ और अल्लाह के ‘फरिश्तों’ से मदद मिलने की बात कही थी.  मुनीर ने कहा था कि ‘बुनयान अल मरसूस’ (7-9 मई) ऑपरेशन के दौरान भारत के खिलाफ ‘अल्लाह’ ने मदद की थी. यानी भारत के खिलाफ चीन के हथियार फेल होने के बाद ‘फरिश्तों’ ने पाकिस्तानी सेना की मदद की थी.

मुनीर ने ये बयान, इसी महीने के शुरुआत में इस्लामाबाद में आयोजित नेशनल उलेमा कॉन्फ्रेंस में दिया था. इस दौरान पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ सहित बड़ी संख्या में इस्लामिक मौलाना और स्कॉलर मौजूद थे. इस सम्मेलन का वीडियो अब सामने आया है.

मुनीर को वीडियो में कहते सुना जा सकता है कि बुनयान अल मरसूस के दौरान उसने खुद ‘महसूस’ किया कि अल्लाह मदद कर रहा है. कुरान की आयत का हवाला देते हुए पाकिस्तान के फेल्ड (फील्ड) मार्शल ने कहा कि अगर हम अपनी ‘हरकतों’ को सही रखेंगे तो अल्लाह के फरिश्ते भी मदद करने आते हैं.  

ऑपरेशन सिंदूर में भारत ने जमकर की थी पाकिस्तान की धुलाई

भारत के ऑपरेशन सिंदूर (6-10 मई) के विरोध में पाकिस्तानी सेना ने बुनयान अल मरसूस (7-9 मई) नाम का ऑपरेशन छेड़ा था. तीन दिनों के दौरान पाकिस्तान ने सिचायिन से लेकर रण ऑफ कच्छ तक रोजाना 300 (तीन दिन में करीब 900) ड्रोन और मिसाइल दागे थे. लेकिन भारतीय सेना (थलसेना और वायुसेना) ने पाकिस्तान के 90 प्रतिशत ड्रोन को आसमान में मार गिराया था.

जबकि भारत ने पाकिस्तान में आतंकी संगठन जैश ए मोहम्मद और लश्कर के 09 ठिकानों सहित पाकिस्तानी वायुसेनाओं के 11 एयरबेस तबाह कर दिए थे. जबरदस्त तबाही के बाद, पाकिस्तान ने भारत से युद्धविराम की अपील की थी.

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