ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला खामेनेई के जनाजे के दौरान अमेरिका के हमले का खतरा मंडरा रहा है. अमेरिका-ईरान के बीच संघर्षविराम टूट चुका है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की धमकी पर ईरान की ओर से पलटवाप किया गया है. ईरान ने कहा है, हमारी उंगली ट्रिगर पर रखी हुई है, आओ अमेरिका, हमें इंतजार है.
दरअसल ट्रंप ने नाटो समिट के दौरान कहा कि- ईरान पर आज रात (बुधवार) भीषण हमला करेगा. आपको बता दें कि, होर्मुज जलडमरूमध्य में बीते दिन तीन जहाजों पर हमले के बाद अमेरिका ने ईरान में मंगलवार को बड़ा हमला किया था, जिसमें ईरान के सैन्य ठिकानों को भारी नुकसान पहुंचा है.
एक भी अमेरिकी सैनिक नहीं बचेगा: ईरान
ईरानी नेताओं ने ईरान के तेल निर्यात के मुख्य केंद्र ‘खर्ग द्वीप’ पर हमले की ट्रंप की धमकी का कड़ा विरोध किया है. ईरानी संसद की राष्ट्रीय सुरक्षा और विदेश नीति समिति के प्रवक्ता इब्राहिम रेजाई ने एक्स पर लिखा- “आओ- हम तुम्हारा इंतजार कर रहे हैं, और हम वादा करते हैं कि एक भी अमेरिकी सैनिक जिंदा वापस नहीं लौटेगा.”
ईरान के पूर्व विदेश मंत्री अली अकबर वेलायती ने तनाव बढ़ने की इस ताजा घटना पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए एक्स पर कहा कि “ईरान ने पहले ही चेतावनी दी थी कि यह इलाका छोटे देशों की राजनीतिक जुएबाजी की जगह नहीं है और वह इस इलाके को साफ करने के लिए ट्रिगर पर उंगली रखे तैयार खड़ा है. हमने बार-बार साबित किया है कि ऐसी दुस्साहसी हरकतों का तुरंत जवाब दिया जाता है. ईरान अपमान व दुस्साहसी हरकतों के खिलाफ चुप नहीं बैठेगा.”
अमेरिका को उसी की भाषा में मिलेगा जवाब: ईरानी उप विदेशमंत्री
ईरान के उप विदेश मंत्री काजेम गरीबाबादी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के हालिया बयानों पर तीखी प्रतिक्रिया दी है. गरीबाबादी ने कहा कि “तेहरान को अब ट्रंप को ‘उन्हीं की भाषा में जवाब देना होगा.”
गरीबाबादी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि “ट्रंप की ओर से ईरान पर आगे भी हमले करने की धमकियां ताकत का नहीं, बल्कि अमेरिका की उस नीति की विफलता का संकेत हैं, जो वर्षों से बल प्रयोग, प्रतिबंधों और धमकियों पर आधारित रही है. ट्रंप का ताजा बयान यह दिखाता है कि वॉशिंगटन की रणनीति अपने लक्ष्य हासिल करने में सफल नहीं रही. ऐसा लगता है कि वह (ट्रंप) केवल ताकत की भाषा ही बेहतर समझते हैं.”
अधर में लटका बिचौलिया पाकिस्तान, की शांति की अपील
पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने बुधवार को सभी पक्षों से इस्लामाबाद एमओयू के तहत अपने वादों को पूरा करने का आग्रह किया. इस बयान में कहा गया, “पाकिस्तान सभी पक्षों से इस्लामाबाद एमओयू के तहत अपने-अपने वादों को पूरा करने का आग्रह करता है. यह एमओयू इस क्षेत्र और उससे बाहर आपसी समझ, आपसी सम्मान और साझा समृद्धि के लिए एक मजबूत आधार बना हुआ है.”
पाकिस्तान का बयान ऐसे वक्त में आया जब ट्रंप कह चुके हैं कि युद्धविराम खत्म हो चुका है.
संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने भी बुधवार को तनाव कम करने और बातचीत फिर से शुरू करने की अपील की. गुटेरेस के प्रवक्ता स्टीफन डुजारिक ने बताया कि “ईरान और अमेरिका के बीच लड़ाई एक बार फिर बढ़ गई है. महासचिव सभी पक्षों से अपील करते हैं कि वे ज्यादा से ज्यादा संयम बरतें, तनाव बढ़ाने वाली कोई भी कार्रवाई न करें और तनाव कम करने के लिए तुरंत कदम उठाएं.”

