Alert Breaking News Classified Geopolitics Reports Russia-Ukraine War

Telegram का रूसी मालिक फ्रांस में गिरफ्तार, मस्क ने किया विरोध

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘टेलीग्राम’ के रूसी संस्थापक पावेल ड्यूरोव की फ्रांस में गिरफ्तारी से दुनियाभर में हड़कंप मच गया है. ट्विटर (एक्स) के मालिक एलन मस्क ने पावेल को छोड़ने की मांग की है. रूस-यूक्रेन युद्ध के बाद दुनियाभर में बेहद पापुलर हुए टेलीग्राम के मालिक पावेल की गिनती दुनिया के सबसे अमीर लोगों में की जाती है.

फ्रांसीसी पुलिस ने पावेल पर धोखाधड़ी के साथ-साथ ड्रग्स तस्करी, मनी लॉन्ड्रिंग और बच्चों के शोषण जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं. फ्रांसीसी पुलिस का आरोप है कि पावेल ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर संगीन अपराधों को रोकने के लिए कोई उपाय नहीं किए थे. जबकि पावेल पहले आरोप लगा चुके थे कि पश्चिमी देश उनपर टेलीग्राम में ‘बैकडोर एक्सिस’ की मांग कर रहे हैं ताकि वे यूजर्स पर नजर रख सकें.

जानकारी के मुताबिक, पावेल को उस वक्त गिरफ्तार किया गया जब वो पेरिस के करीब ब्रोगेट एयरपोर्ट पर अपने चार्टर्ड प्लेन से पहुंचा था.

रूस में जन्मे पावेल ने वर्ष 2013 में अपना देश छोड़कर यूएई की नागरिकता ले ली थी. टेलीग्राम से पहले पावेल ने ‘वीके’ नाम का एक रूसी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म तैयार किया था. रूसी सरकार इस सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के इस्तेमाल को लेकर पावेल से जानकारी लेना चाहती थी. पावेल ने मना किया तो उसे देश छोड़ना पड़ा.

रूस छोड़ने के बाद पावेल ने ‘टेलीग्राम’ एप लॉन्च किया. हालांकि, शुरुआत में ये ज्यादा पॉपुलर नहीं हुआ. लेकिन फऱवरी 2022 में रूस-यूक्रेन युद्ध शुरु होने के बाद जैसे ही पश्चिमी देशों ने रूस में सोशल मीडिया एप्लीकेशन को बैन किया, टेलीग्राम की प्रसिद्धी बढऩे लगे.

रूस-यूक्रेन युद्ध के दौरान टेलीग्राम ‘वर्चुअल बैटलफील्ड’ बन गया. यहां तक की रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के दफ्तर क्रेमलिन तक ने अपना अकाउंट उस पर बना लिया. इसके साथ ही रूसी विदेश मंत्रालय और रक्षा मंत्रालय तक ने आधिकारिक जानकारी देने के लिए टेलीग्राम को चुना.  रूस और पूर्व सोवियत संघ देशों में टेलीग्राम का ग्राफ तेजी से बढ़ा है.

रूस के इंफोर्मेशन वारफेयर का काउंटर करने के लिए यूक्रेन ने भी टेलीग्राम पर युद्ध से जुड़ी जानकारी, तस्वीरें और वीडियो साझा करना शुरु कर दिए. माना जाता है कि इस वक्त टेलीग्राम पर करीब 900 मिलियन (करीब नब्बे करोड़) यूजर्स हैं.

हाल ही में फॉर्च्यून मैगजीन ने पावेल को दुनिया के सबसे अमीर शख्स की श्रेणी में 120वां स्थान दिया था. पावेल की कुल संपत्ति करीब 15.5 बिलियन डॉलर है. उसे आज एलन मस्क की तरह है टेक-मुगल के नाम से जाना जाता है. लोग उसे रूस का ‘मार्क जुकरबर्ग’ के नाम से बुलाते हैं. यही वजह है कि एलन मस्क ने पावेल को रिहा करने की मांग की है.

पावेल ने टेलीग्राम के साथ ही कई न्यूज चैनल का भी मालिक है और उसने अपनी एक क्रिप्टो करेंसी ‘टोनकॉइन’ भी लॉन्च की थी. पावेल की गिरफ्तारी से करेंसी में 15 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई.

गिरफ्तार होने से पहले पावेल ने एक इंटरव्यू में कहा था कि टेलीग्राम एक ‘न्यूट्रल प्लेटफॉर्म’ है और ‘जियोपॉलिटिक्स’ में दिलचस्पी नहीं रखता है. माना जा रहा है कि फ्रांसीसी सरकार उससे टेलीग्राम और क्रेमलिन के बीच संबंधों की जानकारी पता करना चाहती है.

पावेल को जल्द ही फ्रांस की अदालत में पेश किया जाएगा. अगर उस पर लगे आरोप सही साबित हुए तो उसे 20 साल की सजा सुनाई जा सकती है.

ReplyForwardAdd reaction

Leave feedback about this

  • Rating

Choose Your Premium Plan

Unlock exclusive defence reports, geopolitical analysis and premium articles.