इजरायल इस वक्त तीन अलग-अलग मोर्चों पर घिरा हुआ है और अकेले दम पर ईरान पर वार कर रहा है. अकेले दम पर इसलिए क्योंकि ताजा संघर्ष में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इजरायल से हाथ खींच लिए हैं.
हिजबुल्लाह और हूती आतंकी लगातार इजरायल के शहरों पर बम बरसा रहे हैं, तो वहीं इजरायल के लिए खेवनहार की तरह अरबपति उद्योगपति एलन मस्क सामने आए हैं.
ईरान जंग में एलन मस्क की एंट्री
ईरान जंग में एलन मस्क की एंट्री हुई है. दुनिया के सबसे अमीर बिजनेसमैन ने होर्मुज पर इजरायल का साथ दिया है. कहा, होर्मुज का नाम पारसी धर्म के अहुरा मज्दा से आया है. यानि मस्क ने सांकेतिक तौर पर ये बताने की कोशिश की कि होर्मुज, जिसपर ईरान अपना दावा ठोंक रहा है, उसका असली नाम पारसी है.
दरअसल अहुरा मज्दा और होर्मुज के बीच गहरा ऐतिहासिक और भाषाई संबंध है. अहुरा मज़्दा प्राचीन पारसी धर्म (ज़ोरोएस्टर) के सर्वोच्च देवता हैं, जिन्हें ज्ञान और प्रकाश का प्रतीक माना जाता है. होर्मुज नाम की उत्पत्ति इन्हीं देवता के नाम से हुई है. होर्मुज नाम मध्य फारसी शब्द ‘हॉर्मोज़’ या सीधे तौर पर ‘अहुरा मज़्दा’ से लिया गया है. ‘अहुरा मज़्दा’ को प्राचीन फारसी मान्यता में सर्वोच्च सत्ता माना जाता था.
फारस की खाड़ी के मुहाने पर स्थित रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का नाम इसी देवता के नाम पर पड़ा है. प्राचीन समय में फारस के लोग इस समुद्री रास्ते को पवित्र मानते थे.
धार्मिक मान्यता के अनुसाप पारसी धर्म में अहुरा मज़्दा सर्वज्ञ, प्रकाश, और सत्य के रक्षक हैं जो लगातार बुराई (अंग्रा मैन्यु) से लड़ते हैं.
एलन मस्क के बयान का मतलब ये है कि इजरायल अगर ईरान के साथ जंग में उतरा है तो सच्चाई का रक्षक है और लगातार बुराई से लड़ रहा है.
ईरान पर हमले से डील पर नहीं पड़ेगा असर: ट्रंप
ट्रंप ने ताजा हमलों के बाद अमेरिकी मीडिया से कहा, वो ईरान युद्ध से जुड़े सारे फैसले लेते हैं. प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के पास ईरान के साथ डील मानने के अलावा ‘कोई चारा नहीं’ होगा.
ट्रंप ने कहा ‘फैसले मैं ही लेता हूं, सारे फैसले मैं ही लेता हूं, वह फैसले नहीं लेते.’ लेकिन इजरायल ने जिस तरह से ईरान पर बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया है कि उससे साबित हो गया है कि नेतन्याहू, ट्रंप की बात नहीं मान रहे.
ट्रंप ने इन हमलों के बाद भी शांति वार्ता से उम्मीद नहीं छोड़ी है. ट्रंप ने कहा, इजरायल पर हुए ईरानी मिसाइल हमले का डील पर कोई असर नहीं पड़ेगा. वहीं इजरायल के हमलों से ईरान को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है.
बिना ट्रंप की इजाजत इजरायल ने नहीं किया अटैक: ईरान
ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने ताजा हमलों और युद्धविराम तोड़े जाने को लेकर अमेरिका पर भड़ास निकाली है. ईरानी विदेश मंत्रालय ने कहा है कि ये कोई विश्वास नहीं कर सकता कि बिना अमेरिकी मदद के इजरायल हमला कर सकता है.
दरअसल अमेरिका ने ताजा हमलों में ये दिखाने की कोशिश की है कि अमेरिका शांति वार्ता चाहता है और ईरान के साथ समझौता अंतिम चरण पर है. लेकिन अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की फटकार के बावजूद इजरायल बेलगाम हो चला है और लेबनान, ईरान पर अटैक कर रहा है. लेकिन ईरान ने इस बात को खारिज कर दिया है. ईरान का कहना है कि बिना ट्रंप की इजाजत और मदद के इजरायल अकेले दम पर हमले का इतना बड़ा फैसला नहीं ले सकता.

